असम में भारी बारिश जारी, रेल और सड़क सेवाएं बाधित
गुवाहाटी/रंगिया, रविवार, 01 जून 2025। असम में रविवार को भी भारी बारिश जारी रही जिससे सड़क परिवहन और रेल सेवाएं बाधित रहीं। राज्य में अब तक बाढ़ और भूस्खलन के कारण आठ लोगों की मौत हो चुकी है। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि राज्य के 15 से अधिक जिलों में 78,000 से ज्यादा लोग प्रभावित हुए हैं। केंद्रीय जल आयोग (सीडब्ल्यूसी) ने राज्य में ‘गंभीर बाढ़ की स्थिति’ को देखते हुए ‘ऑरेंज बुलेटिन’ जारी किया है। ब्रह्मपुत्र और बराक सहित 10 प्रमुख नदियां खतरे के निशान से ऊपर प्रवाहित हो रही हैं।
पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे के प्रवक्ता ने बताया कि पिछले 24 घंटे में हुई भारी बारिश और बराईग्राम-दुल्लभछड़ा खंड पर पानी पटरी के ऊपर बहने के कारण दुल्लभछड़ा-सिलचर पैसेंजर ट्रेन के परिचालन को रद्द कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि दुल्लभछड़ा-गुवाहाटी एक्सप्रेस अब दुल्लभछड़ा की बजाय बराईग्राम से चलेगी। अधिकारियों ने बताया कि शनिवार से कामरूप जिले के चायगांव क्षेत्र के शिंगरा शालनीबाड़ी के पास राष्ट्रीय राजमार्ग-17 के बड़े हिस्से पर पानी भर गया है जिससे यातायात प्रभावित हुआ है। उन्होंने बताया कि भारी बारिश के साथ-साथ पड़ोसी राज्य मेघालय से आने वाला पानी स्थिति को और गंभीर बना रहा है। उन्होंने कहा कि वैकल्पिक मार्गों के जरिए यातायात सुगम बनाने के प्रयास किए जा रहे हैं।
सीडब्ल्यूसी के बुलेटिन में कहा गया है कि डिब्रूगढ़ और निमती घाट (जोरहाट) में ब्रह्मपुत्र नदी खतरे के निशान से ऊपर प्रवाहित हो रही है। अन्य नदियां जो खतरे के निशान को पार कर गई हैं उनमें घारमुरा (हैलाकांडी) में धलेश्वरी नदी, ढोलाई (कछार) में रुकनी, मटिजुरी (हैलाकांडी) में कटखल, बदरपुर घाट (श्रीभूमि) में बराक, नुमालीगढ़ (गोलाघाट) में धनसिरी और कांपुर (नगांव) में कोपिली शामिल हैं। असम राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एएसडीएमए) के बुलेटिन के अनुसार शनिवार शाम तक भूस्खलन से पांच और बाढ़ से तीन लोगों की जान जा चुकी थी।
क्षेत्रीय मौसम विज्ञान केंद्र (आरएमसी) के आंकड़ों के अनुसार, शनिवार को राज्य के पश्चिमी हिस्से के तीन जिलों में ‘रेड अलर्ट’ और आठ जिलों में ‘ऑरेंज अलर्ट’ जारी किया गया था। अरुणाचल प्रदेश और मेघालय के ऊपरी इलाकों से आए बारिश के पानी ने बाढ़ की स्थिति और खराब कर दी है। अधिकारियों ने बताया कि राहत और बचाव कार्य के लिए एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, पुलिस, अग्निशमन और आपातकालीन सेवाओं की टीम तैनात की गई हैं और प्रभावित इलाकों से लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है। मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा ने शुक्रवार को कहा था कि राज्य “असामान्य स्थिति” का सामना कर रहा है जो लगातार बारिश के कारण उत्पन्न हुई है।
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