मोदी की अपील से देश में गहरे आर्थिक संकट के संकेत : मायावती

img

लखनऊ, मंगलवार, 12 मई 2026। बहुजन समाज पार्टी (बसपा) प्रमुख मायावती ने मंगलवार को कहा कि प्रधानमंत्री की मितव्ययिता की अपील दर्शाती है कि भारत में उत्पन्न संकट केवल पेट्रोलियम उत्पादों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह एक व्यापक आर्थिक संकट है, जो और गहरा होने जा रहा है। उन्होंने सोशल मीडिया मंच 'एक्स' पर एक पोस्ट में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की उस अपील का उल्लेख किया, जिसमें पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष के बीच देशवासियों से संयम बरतने और ऊर्जा संसाधनों के समझदारीपूर्ण उपयोग की बात कही गई थी।

मायावती ने कहा, "यह स्पष्ट करता है कि देश में संकट केवल पेट्रोल, डीजल और रसोई गैस जैसे ईंधनों तक सीमित नहीं है, बल्कि आर्थिक संकट और गहराने वाला है।" उन्होंने कहा कि यह स्थिति पहले से ही करोड़ों लोगों के जीवन को प्रभावित कर रही है और आगे इसके जारी रहने की गंभीर आशंका है। बसपा प्रमुख ने कहा, "कोविड-19 महामारी के गंभीर प्रभाव झेल चुके लगभग 100 करोड़ नागरिक अपनी आजीविका के लिए संघर्ष कर रहे हैं। ऐसे में उनके पास खोने के लिए कुछ खास नहीं बचा है, न ही और अधिक संयम की गुंजाइश है। इन परिस्थितियों में केंद्र और राज्य सरकारों को गरीब और मेहनतकश परिवारों को राहत देने के लिए सक्रिय कदम उठाने चाहिए।" उन्होंने कहा कि ऐसे कदम जनता और देश—दोनों के हित में होंगे और यह आम जनभावना को भी दर्शाते हैं।

गौरतलब है कि पश्चिम एशिया में जारी तनाव के बीच प्रधानमंत्री मोदी ने रविवार को एक रैली में ऊर्जा संरक्षण और विदेशी मुद्रा बचत के लिए कई सुझाव दिए थे। उन्होंने पेट्रोल और डीजल की खपत कम करने, शहरी क्षेत्रों में मेट्रो के उपयोग, कार पूलिंग, इलेक्ट्रिक वाहनों के बढ़ते इस्तेमाल, पार्सल परिवहन के लिए रेलवे के उपयोग और 'वर्क फ्रॉम होम' को बढ़ावा देने की बात कही थी। मोदी ने यह भी कहा था कि देश को विदेशी मुद्रा बचाने के लिए सोने की खरीद और विदेश यात्रा को एक वर्ष तक टालने पर विचार करना चाहिए। उन्होंने कोविड-19 के दौरान अपनाए गए डिजिटल माध्यमों - 'वर्क फ्रॉम होम', 'वर्चुअल मीटिंग' और 'वीडियो कॉन्फ्रेंस' को फिर से अपनाने की आवश्यकता पर भी जोर दिया था।

Similar Post

LIFESTYLE

AUTOMOBILES

Recent Articles

Facebook Like

Subscribe

FLICKER IMAGES

Advertisement