प्रधानमंत्री का 'तथाकथित अमृतकाल' अब 'विषकाल' बन गया है: राहुल

img

नई दिल्ली, मंगलवार, 12 मई 2026। कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने अनियमितताओं के आरोपों के चलते मेडिकल प्रवेश परीक्षा 'नीट-यूजी-2026' को रद्द किए जाने के बाद मंगलवार को आरोप लगाया कि ''भ्रष्ट भाजपाई व्यवस्था'' ने 22 लाख छात्रों के सपनों को कुचल दिया और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का तथाकथित अमृतकाल 'विषकाल' बन गया है। राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनटीए) ने तीन मई को आयोजित मेडिकल प्रवेश परीक्षा 'नीट-यूजी-2026' को इसका प्रश्नपत्र लीक होने के आरोपों के मद्देनजर मंगलवार को रद्द करने की घोषणा की तथा सरकार ने सीबीआई को इन 'अनियमितताओं' की विस्तृत जांच करने का आदेश दिया। एनटीए ने कहा कि यह परीक्षा अलग से अधिसूचित तिथियों पर पुनः आयोजित की जायेगी। राहुल गांधी ने 'एक्स' पर पोस्ट किया, ''नीट 2026 की परीक्षा रद्द हो गई। 22 लाख से ज़्यादा छात्रों की मेहनत, त्याग और सपनों को इस भ्रष्ट भाजपाई व्यवस्था ने कुचल दिया। किसी पिता ने कर्ज़ लिया, किसी मां ने गहने बेचे, लाखों बच्चों ने रात-रात भर जागकर पढ़ाई की और बदले में मिला- पेपर लीक, सरकारी लापरवाही और शिक्षा में संगठित भ्रष्टाचार।''

उन्होंने दावा किया कि यह सिर्फ़ नाकामी नहीं, युवाओं के भविष्य के साथ अपराध है। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष का कहना था, ''हर बार पेपर माफिया बच निकलते हैं और ईमानदार छात्र सज़ा भुगतते हैं। अब लाखों छात्र फिर से वही मानसिक तनाव, आर्थिक बोझ और अनिश्चितता झेलेंगे।'' राहुल गांधी ने कहा, ''अगर अपनी तकदीर परिश्रम से नहीं, पैसे और पहुंच से तय होगी तो फिर शिक्षा का मतलब क्या रह जाएगा?'' उन्होंने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री का तथाकथित अमृतकाल, देश के लिए विषकाल बन गया है।

Similar Post

LIFESTYLE

AUTOMOBILES

Recent Articles

Facebook Like

Subscribe

FLICKER IMAGES

Advertisement