दवा की कीमतों में वृद्धि का मुद्दा उठा राज्यसभा में
नई दिल्ली, शुक्रवार, 01 अप्रैल 2022। मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी के जॉन ब्रिट् और शिवसेना की प्रियंका चतुर्वेदी ने शुक्रवार को आवश्यक दवाइयों की कीमतों में वृद्धि का मामला उठाया और इसे वापस लेने की मांग की। ब्रिट् ने राज्यसभा में शून्यकाल के दौरान कहा कि आम जनता पहले से महंगाई से जूझ रही है। ऐसे में सरकार ने 800 से अधिक आवश्यक दवाइयों की कीमतों में वृद्धि करने का फैसला किया है। यह वृद्धि 11 प्रतिशत तक है। आवश्यक दवाइयों की कीमतों में यह अब तक सबसे बड़ी वृद्धि है। उन्होंने कहा कि गरीब आदमी के लिए दवाइयों की कीमतों में वृद्धि होना एक बड़ा झटका है। सरकार को इसे तुरंत वापस लेना चाहिए। शिवसेना की प्रियंका चतुर्वेदी ने भी यह मामला उठाया और कहा कि लगातार महंगाई बढ़ रही है और आम आदमी का जीना मुश्किल हो गया है। सरकार को आवश्यक दवाइयों की कीमतों में वृद्धि तुरंत खारिज करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि इसमें कैंसर, डायबिटीज, बुखार, अस्थमा और अन्य बीमारियों की दवाइयों की कीमतों में वृद्धि शामिल है। कई अन्य सदस्यों ने भी इस मुद्दे का समर्थन किया।
Similar Post
-
तमिलनाडु सरकार ने डीवीएसी निदेशक को प्रभारी डीजीपी नियुक्त किया
चेन्नई, गुरुवार, 11 दिसंबर 2025। तमिलनाडु सरकार ने सतर्कता एवं ...
-
सोनोवाल ने भारत के पहले स्वदेशी हाइड्रोजन ‘फ्यूल सेल’ पोत के वाणिज्यिक संचालन की शुरुआत की
वाराणसी (उप्र), गुरुवार, 11 दिसंबर 2025। केंद्रीय बंदरगाह, जहाजर ...
-
ओडिशा में 4,000 किलोग्राम विस्फोट की लूट के मामले में 11 आरोपियों के खिलाफ आरोप पत्र दायर
भुवनेश्वर, गुरुवार, 11 दिसंबर 2025। राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (ए ...
