ईंधन कीमत बढ़ोतरी के खिलाफ राकांपा (शप) का प्रदर्शन, रोहित ने कर्ज माफी योजना पर सरकार को घेरा

img

मुंबई, बुधवार, 03 जून 2026। ईंधन कीमतों में हालिया बढ़ोतरी के खिलाफ बुधवार को राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरद पवार) गुट के नेताओं ने नवी मुंबई स्थित सीआईडीसीओ प्रदर्शनी केंद्र के बाहर विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान पार्टी के विधायक रोहित पवार ने राज्य सरकार की कृषि ऋण माफी योजना की शर्तों को लेकर भी उस पर निशाना साधा। प्रदर्शन के बाद पत्रकारों से बात करते हुए पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष शशिकांत शिंदे ने आरोप लगाया कि सरकार राजस्व बढ़ने के बावजूद आम जनता पर बोझ डाल रही है। उन्होंने कहा, ''सरकार को चुनावों की अधिक चिंता है जबकि आम लोग परेशान हैं।''

शिंदे ने यह भी दावा किया कि देश के अंतरराष्ट्रीय संबंध कमजोर हुए हैं, जिसका असर ईंधन आपूर्ति और किसानों के निर्यात अवसरों पर पड़ रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस ने उनके लोकतांत्रिक प्रदर्शन को दबाने की कोशिश की और कार्यकर्ताओं को रोकने के लिए नोटिस जारी किए गए तथा रास्ते बंद किए गए। शिंदे ने चेतावनी दी कि यदि सरकार जनता की समस्याओं का समाधान नहीं करती है तो विपक्षी गठबंधन महाविकास आघाडी (एमवीए) बड़ा आंदोलन कर सकता है, जिसमें मंत्रालय के बाहर प्रदर्शन भी शामिल हो सकता है।

आगामी महाराष्ट्र विधान परिषद चुनावों का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि विपक्षी उम्मीदवारों को हतोत्साहित करने और कुछ सीटों पर निर्विरोध चुनाव कराने की कोशिशें हो रही हैं। उन्होंने बताया कि 18 जून को स्थानीय निकायों से जुड़े 16 विधान परिषद सीटों के लिए चुनाव होंगे, जबकि मतगणना 22 जून को होगी। इस बीच, रोहित पवार ने राज्य सरकार की कृषि ऋण माफी योजना पर सवाल उठाते हुए कहा कि इसकी शर्तों के कारण अधिकतर किसानों को वास्तविक लाभ नहीं मिलेगा।

महाराष्ट्र मंत्रिमंडल ने मंगलवार को 36,585 करोड़ रुपये की कृषि ऋण माफी योजना को मंजूरी दी थी, जिससे लगभग 56 लाख किसानों को लाभ मिलने की संभावना है। पवार ने आरोप लगाया कि जिन किसानों पर 50,000 रुपये से अधिक बकाया है, उन्हें पहले अतिरिक्त राशि चुकानी होगी, तभी वे योजना के पात्र बनेंगे। उन्होंने कहा, ''यह ऋण माफी योजना नहीं बल्कि ऋण वसूली योजना है।'' विधायक ने मांग की कि सरकार को योजना की शर्तें हटानी चाहिए और किसानों को बिना प्रतिबंध के राहत मिलनी चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने संशोधन नहीं किया तो आंदोलन किया जाएगा और महंगाई व बेरोजगारी के मुद्दों पर भी विरोध तेज होगा।

Similar Post

LIFESTYLE

AUTOMOBILES

Recent Articles

Facebook Like

Subscribe

FLICKER IMAGES

Advertisement