नेतृत्व के मुद्दे पर कोई भ्रम नहीं : शिवकुमार
बेंगलुरु, मंगलवार, 10 फरवरी 2026। कर्नाटक के उप मुख्यमंत्री डी. के. शिवकुमार ने मंगलवार को कहा कि मुख्यमंत्री सिद्धरमैया से जुड़े नेतृत्व मामले को लेकर उन्हें "कोई भ्रम" नहीं है। उन्होंने पार्टी के स्थानीय कार्यकर्ताओं को मुख्यमंत्री बदलने को लेकर कोई टिप्पणी न करने की चेतावनी भी दी। शिवकुमार ने पार्टी नेताओं और विधायकों को याद दिलाया कि कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे पहले ही कह चुके हैं कि सभी को ''मौन रहना है'' और अपने-अपने दायित्वों का निर्वहन करना चाहिए। नेतृत्व विवाद पर पूछे गए सवाल के जवाब में उन्होंने कहा, ''कोई भ्रम नहीं है। दूसरों को भ्रम हो सकता है, मुझे नहीं है।''
उनकी यह टिप्पणियां ऐसे समय पर आईं जब उनके और सिद्धरमैया के बीच सत्ता संघर्ष फिर से सामने आया। सिद्धरमैया के पुत्र और विधान परिषद सदस्य यतिंद्र ने पिछले सप्ताह कहा था कि उनके पिता अपनी पांच साल की कार्य अवधि पूरी करेंगे और पार्टी आलाकमान ने इसका संकेत दिया है। शिवकुमार ने नयी दिल्ली के लिए रवाना होने से पहले संवाददाताओं से कहा, ''मैं जानता हूं कि सिद्धरमैया और मैंने क्या चर्चा की है। यह गुप्त नहीं रही, हमने पार्टी नेतृत्व को शामिल करके चर्चा की। दूसरों का तनाव लेना और बयान देना किसी के काम नहीं आएगा।'' उन्होंने आगाह किया, ''जो भी मंत्री, विधायक या अन्य व्यक्ति मेरे पक्ष या मेरे खिलाफ बयान दे रहा है, वह पार्टी को नुकसान पहुंचा रहा है। खरगे ने कहा था कि सभी के लिए मुंह बंद रखना बेहतर होगा। हमें इसका पालन करना चाहिए।''
कांग्रेस विधायक इकबाल हुसैन ने सवाल किया था कि यतिंद्र सिद्धरमैया को नोटिस क्यों नहीं मिला जबकि उन्हें मिला। इस संबंध में शिवकुमार ने कहा, ''इस बारे में आलाकमान से पूछना चाहिए।'' हुसैन को पहले शिवकुमार के पदोन्नति के समर्थन में सार्वजनिक बयान के लिए नोटिस दिया गया था। नेतृत्व विवाद उस समय बढ़ गया जब कांग्रेस सरकार ने 20 नवंबर 2025 को अपने पांच साल के कार्यकाल का आधा हिस्सा पूरा किया। इस अटकलों को 2023 में सरकार गठन के समय सिद्धरमैया और शिवकुमार के बीच हुई कथित ''सत्ता-साझा'' व्यवस्था की चर्चा ने और हवा दी।
आगामी असम चुनावों के लिए कांग्रेस के वरिष्ठ पर्यवेक्षक नियुक्त किये गए शिवकुमार ने कहा कि वह एआईसीसी की चुनाव से संबंधित बैठक में भाग लेने दिल्ली जा रहे हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री की बजट-पूर्व बैठकों में शामिल न होने की अटकलों को तवज्जो नहीं दी। अपने विभागों की बजट-पूर्व बैठकों के बारे में उन्होंने कहा, ''मैंने विभागों के अधिकारियों के साथ बजट बैठकें की हैं। अधिकारी मुख्यमंत्री के साथ बैठक में उपस्थित रहेंगे। मैं वापस आकर उनसे इस बारे में चर्चा करूंगा।'' सिद्धरमैया वित्त विभाग भी संभालते हैं, और विभिन्न विभागों के साथ बजट-पूर्व बैठकें कर रहे हैं। आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, 2026-27 का बजट मार्च में पेश किया जा सकता है, जो सिद्धरमैया का रिकॉर्ड 17वां बजट होगा।
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